1864 में जर्मनी के कोलोन में स्थापित डॉयट्स, आज भी वहीं से संचालित होती है और दुनिया की सबसे पुरानी इंजन कंपनियों में से एक है। हाल के वर्षों में डॉयट्स ने खुद को पारंपरिक इंजन निर्माता से आगे बढ़ाकर आधुनिक और सतत गतिशीलता (मोबिलिटी) तथा ऊर्जा समाधानों की एकीकृत सिस्टम प्रदाता के रूप में विकसित किया है। डॉयट्स के समाधान कई क्षेत्रों में उपयोग किए जाते हैं, जिनमें निर्माण उपकरण, कृषि मशीनरी, फोर्कलिफ्ट ट्रक और लिफ्टिंग प्लेटफॉर्म जैसे मटेरियल हैंडलिंग उपकरण, जनरेटर सेट (जेनसेट) जैसे स्थिर उपकरण और रक्षा क्षेत्र से जुड़े अनुप्रयोग शामिल हैं।
नए उत्पादन संयंत्र का उद्घाटन राजस्थान सरकार के उद्योग एवं वाणिज्य, युवा मामले एवं खेल, सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार, सैनिक कल्याण तथा कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्री कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने किया।
लाइसेंसिंग समझौते के तहत टैफे मोटर्स घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों के लिए डॉयट्स के लाइसेंस प्राप्त 2.2 लीटर और 2.9 लीटर इंजन का निर्माण करेगी। इस संयंत्र की वार्षिक उत्पादन क्षमता 35,000 इंजन और 50,000 उपसंयोजन(सब-असेंबली) बनाने की है। यह उत्पादन सुविधा इंडस्ट्री 4.0 तकनीक पर आधारित है, जिसमें पूरी निर्माण प्रक्रिया को विनिर्माण निष्पादन प्रणाली (मैन्युफैक्चरिंग एग्जीक्यूशन सिस्टम) से जोड़ा गया है और उत्पादन के हर चरण में डिजिटल कनेक्टिविटी की व्यवस्था की गई है।
राजस्थान के कैबिनेट मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने सभा को संबोधित करते हुए टैफे के राज्य में निवेश की सराहना की। उन्होंने कहा,“अलवर में टैफे की नई उत्पादन इकाई इस बात का पक्का सबूत है कि राजस्थान एक पसंदीदा मैन्युफैक्चरिंग (विनिर्माण) केंद्र के रूप में उभर रहा है। यह ‘मेड इन राजस्थान फॉर द वर्ल्ड’ के दृष्टिकोण को दर्शाता है और आत्मनिर्भर भारत के राष्ट्रीय लक्ष्य में योगदान देता है। मैं दोहराता हूं कि राज्य सरकार प्रगतिशील नीतियों और व्यापार को आसान बनाने वाली व्यवस्थाओं के माध्यम से उद्योगों के लिए अनुकूल माहौल तैयार करने के लिए प्रतिबद्ध है। मैं टैफे की चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर मल्लिका श्रीनिवासन के दूरदर्शी नेतृत्व और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान की भी सराहना करता हूं। साथ ही, मैं टैफे के कर्मचारियों, सप्लाई चेन भागीदारों और नई पीढ़ी के नेतृत्व की उस प्रतिबद्धता की प्रशंसा करता हूं, जो नवाचार और कौशल विकास को बढ़ावा देने व विश्वस्तरीय तकनीक एवं मैन्युफैक्चरिंग उत्कृष्टता के माध्यम से भारत के किसानों को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।”
इस अवसर पर टैफे की चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक मल्लिका श्रीनिवासन ने कहा,"आज का दिन टैफे की विकास यात्रा में एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। टैफे और अमलगमेशन्स ग्रुप मिलकर भारत के सबसे बड़े इंजन निर्माण नेटवर्क में से एक हैं। वर्ष 2030 तक हमारी वार्षिक इंजन उत्पादन क्षमता 4 लाख से बढ़कर 5.5 लाख इंजन तक पहुंचने का अनुमान है।"
"यूरोप की अग्रणी इंजन निर्माता कंपनियों में से एक और डीज़ल इंजन तकनीक की अग्रणी कंपनी डॉयट्स के साथ हमारी साझेदारी, जर्मन इंजीनियरिंग की सटीकता और भारत की मजबूत विनिर्माण क्षमता को एक साथ लेकर आई है। यह पहल राजस्थान के सहायक इंजीनियरिंग उद्योगों के विकास को भी गति देगी और राज्य को एक प्रमुख विनिर्माण केंद्र के रूप में और मजबूत बनाएगी। इस महत्वपूर्ण पहल को सफल बनाने में निरंतर सहयोग के लिए हम राजस्थान सरकार के प्रति अपना आभार व्यक्त करते हैं।"
टैफे की वाइस चेयरमैन डॉ. लक्ष्मी वेणु ने कहा, "भारत का विनिर्माण क्षेत्र अब एक नए दौर में प्रवेश कर रहा है, जहां प्रौद्योगिकी, परिचालन उत्कृष्टता और वैश्विक मानकों के अनुरूप क्षमताएं इसकी प्रमुख ताकत बन रही हैं। टैफे मोटर्स–डॉयट्स उत्पादन इकाई उन्नत विनिर्माण, कड़े गुणवत्ता मानकों और निरंतर क्षमता विकास के प्रति हमारी प्रतिबद्धता तथा निवेश का प्रतीक है। यही मजबूत आधार हमें भारत और वैश्विक बाजारों की बदलती जरूरतों के अनुरूप प्रभावी ढंग से कार्य करने में सक्षम बनाएगा। टैफे– डॉयट्स उत्पादन इकाई में 40% महिलाएं कार्यरत हैं, जो कार्यस्थल पर लैंगिक विविधता को बढ़ावा देने की कंपनी की प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है।
टैफे के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) संदीप सिन्हा ने कहा,"टैफे– डॉयट्स उत्पादन सुविधा में विनिर्माण, परीक्षण और लॉजिस्टिक्स के सभी प्रमुख चरणों में उच्च स्तर की ऑटोमेशन तकनीक का उपयोग किया गया है। इसके साथ ही, महत्वपूर्ण असेंबली कार्यों के लिए विज़न सिस्टम, रोबोटिक्स और कोबोट्स (सहयोगी रोबोट) लगाए गए हैं। यह हमारी बड़े पैमाने पर विश्वस्तरीय उत्पाद बनाने की क्षमता को और मजबूत करता है। हम एक ऐसा विश्वस्तरीय मंच तैयार कर रहे हैं, जो भारत और अंतरराष्ट्रीय बाजारों के ग्राहकों को बेहतरीन मूल्य प्रदान करेगा। इस उत्पादन सुविधा में अत्याधुनिक इंजन परीक्षण केंद्र और उन्नत गुणवत्ता प्रयोगशाला भी स्थापित की गई है। इसमें पूरी तरह डिजिटल ट्रेसबिलिटी की व्यवस्था है, जिससे वैश्विक गुणवत्ता मानकों को सुनिश्चित किया जा सके।
डॉयट्स एजी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) डॉ. सेबास्टियन शुल्टे ने कहा,"अलवर में नई डॉयट्स इंजन असेंबली लाइन का उद्घाटन, टैफे के साथ हमारी साझेदारी में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। यह दोनों कंपनियों की टीमों की प्रतिबद्धता और मजबूत सहयोग का प्रमाण है, जिन्होंने हमारे साझा दृष्टिकोण को वास्तविक औद्योगिक रूप देने में अहम भूमिका निभाई है।"
यह नई उत्पादन इकाई एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, जो नई अंतरराष्ट्रीय साझेदारियों, तकनीकी क्षमताओं और उन्नत विनिर्माण को एक साथ लाकर टैफे मोटर्स के विश्वस्तरीय इंजन निर्माता बनने के दृष्टिकोण को साकार करने की दिशा में अहम कदम साबित होगी।