प्रीलिम्स के बाद से संपूर्ण जिम्मेदारी का निर्वहन
‘अस्मिता’ पहल के अंतर्गत चयनित अभ्यर्थियों को दिल्ली आमंत्रित किया जाता है, जहाँ उनकी तैयारी से जुड़ी लगभग हर जिम्मेदारी—रहने, खाने और पढ़ाई तक—दृष्टि आईएएस द्वारा वहन की जाती है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि अभ्यर्थी किसी भी प्रकार की आर्थिक या व्यवस्थागत चिंता से मुक्त होकर पूरी एकाग्रता के साथ अपनी तैयारी कर सकें।
इस पहल के तहत अभ्यर्थियों को-
· निःशुल्क आवास एवं भोजन की सुविधा
· 24×7 लाइब्रेरी एक्सेस के साथ अध्ययन हेतु अनुकूल वातावरण
· अनुभवी मेंटर्स द्वारा वन-टू-वन मार्गदर्शन
· नियमित उत्तर लेखन अभ्यास एवं विस्तृत मूल्यांकन
· परीक्षा उन्मुख रिवीजन सपोर्ट एवं करंट अफेयर्स इनपुट्स
· मुख्य परीक्षा के पश्चात मॉक इंटरव्यू एवं व्यक्तित्व परीक्षण की तैयारी
· आवश्यकता अनुसार अगले प्रीलिम्स और मेन्स की तैयारी के लिए भी निरंतर सहयोग
नई पहल: GS Foundation छात्रों के लिए वर्षभर का संपूर्ण सहयोग
वर्ष 2026 से दृष्टि आईएएस ने इस पहल को और विस्तारित करते हुए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। अब जो अभ्यर्थी दृष्टि आईएएस के GS Foundation Course से जुड़े हैं—चाहे वे हिंदी माध्यम के हों या अंग्रेज़ी माध्यम के-उनकी पूरी वर्षभर की तैयारी की जिम्मेदारी भी दृष्टि आईएएस द्वारा वहन की जाएगी।
इस नई व्यवस्था के अंतर्गत GS Foundation के छात्रों को न केवल कक्षा शिक्षण, बल्कि परीक्षा के प्रत्येक चरण के लिए-रणनीति, मेंटरशिप, टेस्ट प्रैक्टिस, रिवीजन और आवश्यक शैक्षणिक समर्थन—एकीकृत रूप से प्रदान किया जाएगा। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रारंभिक स्तर से ही अभ्यर्थियों को एक सुसंगत और परिणामोन्मुख तैयारी ढांचा प्राप्त हो।
परिणामों में स्पष्ट प्रभाव
इस पहल की प्रभावशीलता इसके उत्कृष्ट परिणामों में दिखाई देती है। UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2025 में ‘अस्मिता’ से जुड़े 11 अभ्यर्थियों ने सफलता प्राप्त की, जिनमें रवि राज ने अखिल भारतीय 20वीं रैंक हासिल कर उल्लेखनीय उपलब्धि दर्ज की। इसी वर्ष दृष्टि आईएएस के विभिन्न कार्यक्रमों से 100 से अधिक अभ्यर्थियों का चयन हुआ है।
रवि राज ने अपनी सफलता का श्रेय देते हुए कहा,
“अस्मिता के तहत मिलने वाली निःशुल्क आवास एवं भोजन सुविधा ने मेरी आर्थिक चिंताओं को पूरी तरह समाप्त कर दिया, जिससे मैं बिना किसी विचलन के अपनी तैयारी पर ध्यान केंद्रित कर सका। उत्तर लेखन अभ्यास और नियमित मार्गदर्शन ने मेरी मेन्स तैयारी को एक स्पष्ट दिशा दी।”
दृष्टि और प्रतिबद्धता
इस पहल के संदर्भ में डॉ. विकास दिव्यकीर्ति ने कहा,
“हमारा उद्देश्य केवल पढ़ाना नहीं, बल्कि अभ्यर्थियों को उनकी पूरी यात्रा में सहयोग देना है। ‘अस्मिता’ के माध्यम से हम एक ऐसा निरंतर सहयोग तंत्र विकसित कर रहे हैं, जो प्रीलिम्स से लेकर इंटरव्यू तक हर चरण में अभ्यर्थियों के साथ खड़ा रहे। साथ ही, GS Foundation के छात्रों के लिए वर्षभर की जिम्मेदारी लेकर हम यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि उन्हें शुरुआत से ही एक स्पष्ट दिशा और मजबूत आधार मिल सके।”