फोर्टिस अस्पताल मुलुंड ने मध्य मुंबई में पहला मूवमेंट डिसऑर्डर एंड डीबीएस क्लीनिक खोला
मुम्बई, महाराष्ट्र, भारत फोर्टिस अस्पताल मुलुंड ने मूवमेंट डिसऑर्डर एंड डीबीएस क्लीनिक का शुभारंभ किया। यह चलने-फिरने में तरह-तरह की परेशानीRead Now ►
मुम्बई, महाराष्ट्र, भारत
- यह विशेष विभाग चलने-फिरने में परेशानी और दिक्कत महसूस करने वाले मरीजों को संपूर्ण नजरिए से फिर से ठीक से चलने-फिरने की ताकत प्रदान करता है
- हर साल, फोर्टिस अस्पताल मुलुंड में ठीक तरह से चलने-फिरने में परेशानी महसूस करने वाले करीब 350-400 लोगों का इलाज होता है
फोर्टिस अस्पताल मुलुंड ने मूवमेंट डिसऑर्डर एंड डीबीएस क्लीनिक का शुभारंभ किया। यह चलने-फिरने में तरह-तरह की परेशानी महसूस करने वाले लोगों के इलाज के लिए एक समर्पित सुविधा है। यहां डायस्टोनिया, ट्रेमर्स, चेहरे पर आने वाली ऐंठन यानी हेमिफेशियल स्पाज़्म और एटैक्सिया का इलाज किया जाता है। इस यूनिट का उद्घाटन न्यूरो और स्पाइन सर्जरी के सीनियर कंसल्टेंट डॉ. गुरनीत सिंह साहनी और मुलुंड स्थित फोर्टिस अस्पताल के फैसिलिटी डायरेक्टर डॉ. विशाल बेरी ने किया। इस अवसर पर पहले चलने-फिरने में परेशानी महसूस करने वाले और अब अपना सफलतापूर्वक इलाज करा चुके मरीज भी मौजूद थे।
मूवमेंट डिसऑर्डर क्लीनिक का संचालन डॉ. गुरनीत सिंह साहनी की अगुवाई में उनकी टीम करेगी। इस टीम में मूवमेंट डिसऑर्डर विशेषज्ञ डॉ. अनिल वेंकट चलम और डॉ. सईद मोइद जफर शामिल है। यह क्लीनिक मरीजों की बीमारी और स्थिति की पूरी तरह से जांच कर व्यक्तिगत उपचार योजना प्रदान करता है। इनमें न्यूरोलॉजिस्ट्स से सलाह, मेडिकशन थेरेपी, बोटोक्स के इंजेक्शन और संभावित सर्जरी शामिल है। इलाज के तहत मरीज की स्टीरियोटैक्टिक सर्जरी, रेडियो फ्रीक्वेंसी सर्जरी, डीप ब्रेन स्टिम्युलेशन (डीबीएस) करने के साथ रोगियों में शारीरिक और संज्ञान लेने की शक्तियां फिर से विकसित की जाती है। इसके अलावा साइकोथेरेपी से भी मरीजों का इलाज किया जाता है।