रत्नाकर ग्रुप ने बार्कविले फाउंडेशन के साथ मिलाया हाथ, परित्यक्त और दुर्व्यवहार के शिकार जानवरों के लिए बनाएंगे ग्रीन ओएसिस

Mamta Choudhary
Mamta Choudhary Verified Public Figure • 16 Apr, 2026 Author
October 11, 2023 • 5:17 PM  0
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रत्नाकर ग्रुप ने बार्कविले फाउंडेशन के साथ मिलाया हाथ, परित्यक्त  और दुर्व्यवहार के शिकार जानवरों के लिए बनाएंगे ग्रीन ओएसिस
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11 Oct 2023
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रत्नाकर ग्रुप ने बार्कविले फाउंडेशन के साथ मिलाया हाथ, परित्यक्त  और दुर्व्यवहार के शिकार जानवरों के लिए बनाएंगे ग्रीन ओएसिस
रत्नाकर ग्रुप ने बार्कविले फाउंडेशन के साथ मिलाया हाथ, परित्यक्त और दुर्व्यवहार के शिकार जानवरों के लिए बनाएंगे ग्रीन ओएसिस

अहमदाबाद : हरित पहल की दिशा में एक कदम उठाते हुए रत्नाकर ग्रुप ने परित्यक्त और दुर्व्यवहार के शिकार जानवरों के लिए ग्रीन ओएसिस स्थापित करने के मकसद से बार्कविले फाउंडेशन के साथ सहयोग किया है। इस महत्वपूर्ण पहल की शुरुआत 28 सितंबर को हुई। यह पहल बार्कविले फाउंडेशन की देखरेख में जानवरों के लिए एक सुरक्षित और पोषण से भरपूर माहौल प्रदान करने के लिए रत्नाकर ग्रुप की प्रतिबद्धता को रेखांकित करती है। इस प्रयास के जरिये रत्नाकर ग्रुप ने यह संदेश देने का प्रयास भी किया है कि ‘धरती सबके लिए है।’

बार्कविले फाउंडेशन की फाउंडर स्वाति वर्मा और हेमानी मॉड ने इस पहल को लेकर रत्नाकर ग्रुप की हार्दिक सराहना की और रत्नाकर के समर्पित कर्मचारियों के प्रति आभार व्यक्त किया, जिन्होंने वृक्षारोपण संबंधी गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लिया। इस उल्लेखनीय पहल के तहत विभिन्न प्रजातियों के एक हजार पेड़ लगाए गए। इनमें मैजेस्टिक नीम से लेकर सहजन, बेल पत्र, मधुकामिनी, चंपा और गुड़हल जैसी जीवंत फूलों वाली किस्में भी शामिल हैं। वृक्षारोपण से पूर्व निर्दिष्ट क्षेत्र में सावधानीपूर्वक तैयारी की गई, जिसमें पौधरोपण के लिए जुताई और गड्ढे का निर्माण शामिल था। विशिष्ट पौधों की सुरक्षा के लिए सुरक्षात्मक बाड़ भी लगाई गई। इसके अतिरिक्त, पानी के कुशल उपयोग को सुनिश्चित करने और नए लगाए गए पेड़ों के विकास में तेजी लाने के लिए ड्रिप सिंचाई प्रणाली का इस्तेमाल किया गया।

रत्नाकर ग्रुप के ज्वाइंट मैनेजिंग डायरेक्टर श्री निशांत शाह ने जोर देकर कहा, ‘‘हमारी धरती और उसके निवासियों की देखभाल करना सिर्फ एक जिम्मेदारी भर नहीं है; बल्कि हमें इस बात को लेकर खुश होना चाहिए कि हमें यह अवसर मिला है। इसीलिए बार्कविले फाउंडेशन के साथ हमारी साझेदारी के माध्यम से, हम बचाए गए जानवरों के लिए एक ग्रीन ओएसिस की रचना कर रहे हैं। यह एक ऐसी फैसिलिटी होगी, जिसे सद्भाव और सह-अस्तित्व की भावना के प्रतीक के तौर पर पहचाना जाएगा। साथ मिलकर हम एक ऐसे रास्ते पर आगे बढ़ रहे हैं, जिसमें पर्यावरण के लिहाज से सस्टेनेबिलिटी का भी ध्यान रखा गया है। इस तरह हम यह भी सुनिश्चित कर सकेंगे कि ‘धरती सभी के लिए है’, चाहे वह मौजूदा पीढ़ी हो या आने वाली पीढ़ियों की बात हो।’’

दाभोद, गांधीनगर में 17,000 वर्ग फुट के विशाल भूभाग पर स्थित बार्कविले फाउंडेशन हमारे आसपास विचरने वाले मवेशियों को दूसरा मौका प्रदान करने के मिशन पर है। उनकी अटूट प्रतिबद्धता इस बात को लेकर है कि जानवरों के लिए एक ऐसा सुरक्षित माहौल रचा जाए, जहां वे आसानी और निर्भीकता के साथ रह सकें। इनमें छोटे-बड़े और दुर्व्यवहार के शिकार, उपेक्षित या त्याग दिए गए सभी जानवर  शामिल हैं। बार्कविले की कोशिश है कि लोगों और जानवरों के बीच स्थायी संबंधों को बढ़ावा दिया जाए और उनके प्रति होने वाले दुर्व्यवहार को रोका जाए। इसके लिए फाउंडेशन अन्य जरूरी कदम भी उठाता है, जिनमें शमिल हैं- आवश्यक बचाव कार्य, जानवरों को बधियाकरण/नपुंसकता कार्यक्रमों का संचालन, गोद लेने के कार्यक्रमों के माध्यम से और शैक्षिक पहलों के जरिये पालतू जानवरों के प्रति अनुकूल माहौल बनाना।

Mamta Choudhary Verified Public Figure • 16 Apr, 2026 Author

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